उन्नाव

तीसरी लहर आने से पूर्व आॅक्सीजन प्लांट तैयार हो जाने के निर्देश

उन्नाव। जिलाधिकारी रवीन्द्र कुमार ने कोरोना संक्रमण से बचाव और उपचार के लिए आज टीम-09 की अध्यक्षता करते हुये कलेक्ट्रेट कार्यालय कक्ष में बैठक की। उन्होंने कहा कि विशेषज्ञों के आकलन के दृष्टिगत कोरोना की तीसरी लहर से बचाव के संबंध में  प्रो-एक्टिव नीति अपनाई जाने के शासन द्वारा दिए गए निर्देश का अक्षरशः पालन किया जाए। मेडिकल कॉलेज व अस्पतालों में पीआईसीयू और एनआईसीयू की स्थापना को तेजी से पूरा किया जाए। सभी मेडिकल कॉलेज में 50-50 बेड के पीआईसीयूध्एनआईसीयू स्थापित किये जाने है, इसी तरह जिला अस्पताल और सीएचसी स्तर पर भी मिनी पीकू स्थापित किए जा रहे हैं। इसके लिए 20 जून तक की समय-सीमा तय की गई है। इन सभी जगहों पर आॅक्सीजन की व्यवस्था सुनिश्चित कर लीं जाये। आने वाले समय किसी भी तरह से आक्सीजन की कोई कमी नही होनी चाहिए। उन्होंने सम्बन्धित को निर्देशित करते हुये कहा कि जनपद में बनाये जा रहे आक्सीजन प्लाट में तेजी लायी जाये। जिलाधिकारी ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी को निर्देशित करते हुए कहा कि होम आइसोलेशन के मरीजों को निगरानी समितियों के माध्यम से मेडिकल किट उपलब्ध कराई जाए।

ग्रामीण इलाकों में संचालित स्क्रीनिंग के वृहद अभियान में लक्षणयुक्त अथवा संदिग्ध संक्रमित व्यक्तियों को निगरानी समिति द्वारा तत्काल मेडिकल किट उपलब्ध करायी जाये, इसके लिए निगरानी समितियों को पर्याप्त संख्या में मेडिकल किट उपलब्ध करायी जाए। उन्होंने कहा कि मरीजों को दवाई, आॅक्सीजन, बेड तथा एम्बुलेंस की कमी न होने पाए। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक वैक्सीनेशन किये जायें। जिलाअस्पताल व समस्त सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में मरीजों हेतु समस्त सुविधायें उपलब्ध होनी चाहिये। जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद में कार्यरत 1040 निगरानी समितियों के माध्यम से ग्राम पंचायतों में डोर टू डोर सम्पर्क करते हुये थर्मलस्कैनिंग एवं आॅक्सीमीटर से चेक करते हुये कोरोना के लक्षण वाले व्यक्तियों की पहचान करके उन्हे मेडिसिन किट उपलब्ध करायी जा रही है, एवं ग्राम पंचायतों में व्यापक प्रचार-प्रसार करते हुये कोविड-19 के टीकाकरण हेतु ग्राम वासियांे को प्रेरित किया जा रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *