October 8, 2022

पुरवा में नगर प्रशासन ने अतिक्रमण हटाओ अभियान में गरीबों की दुकानें बुलडोलर से तालाबों में फंेकी

उन्नाव। पुरवा में नगर प्रशासन ने अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया। जिसमें ज्यादातर झोपड़ी में रहने वाले, ठेला लगाने वाले, खोमचे वालों आदि निशाने पर रही। दुकानों के बाहर लगे टीन, करकट, प्लास्टिक को हटवाया। मगर कुछ रसूखदार अतिक्रमणकारियों पर प्रशासन हाथ डालने से परहेज करता नजर आया। जबकि गरीबों की दुकानें बुलडोजर से तालाबों में फेंक दी गई।
दिव्यांग दुकानदार फकरुल हसन ने नगर पंचायत से प्रधानमंत्री सहायता राशि से लोन कराने के बाद घड़ी रिपेयरिंग करते हैं। उनका आरोप हैं कि बिना किसी वैध कानूनी नोटिस के ही हमारी गुमटियों आदि को पूरी तरीके से क्षतिग्रस्त की गई और नुकसान पहुंचाया गया। इस सम्बंध में अधिशाषी अधिकारी केएन पाठक से दुकानदारों ने पूछा जो अतिक्रमण हटवाया गया उसका मानक क्या था।
सड़क से कितने फुट की दूरी तक अतिक्रमण हटवाया जाना था? जिस पर अधिशाषी अधिकारी ने हवाला देते हुए कहा कि जो भी कार्य किया गया वो पीडब्लूडी के मानक अनुरूप किया जा रहा है।
जबकि धरातल गरीबों की गुमटियों, झुग्गियों आदि बुलडोजर चलवाकर जबरन हटाया जा रहा था। पीडब्ल्यूडी का कोई भी अधिकारी कर्मचारी मौके पर नही पहुंचे। उन्होंने सफाई देते हुए कहा कि पीडब्ल्यूडी के अधिकारी समय-समय पर आते रहते हैं। वह चिह्नांकन कराकर चले गए। वहीं अतिक्रमण हटाओ अभियान में तहसील के पास कई बस्तों के कुर्सी और मेजे, टीन शेडों को जेसीबी से टूटवा दिया गया।