October 8, 2022

युवक ने जुर्माने की राशि को रजिस्टर्ड डाक से नकली नोट भेजा

उन्नाव। सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय में एक युवक ने जुर्माने की राशि को रजिस्टर्ड डाक से नकली नोट भेजा है। युवक ने लिफाफे में चूरन में मिलने वाले 2000, 500 और 200 की नोटों की गड्डी भेजी थी। जिसमें पुलिस ने सिटी मजिस्ट्रेट कार्यालय के पेशकार की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। इस मामले में उन्नाव सिटी मजिस्ट्रेट विजेता के कार्यालय के पेशकार विक्रम शर्मा ने कोतवाली में तहरीर दी है।
उन्होंने बताया कि 17 अगस्त को सिटी मजिस्ट्रेट कोर्ट में पोस्टमैन से लाई गई रजिस्टर्ड डाक प्राप्त की गई। जिसमें गोपनीय का स्टीकर लगा था। लिफाफे पर भेजने वाले का नाम नीलू तिवारी निवासी अकरमपुर उन्नाव अंकित था। गोपनीय डाक होने से नगर मजिस्ट्रेट ने खोली। लिफाफा खोलने पर पर अंदर एक पत्र निकला। जिसमें नोटिस 107,111 में वर्णित शुल्क 2.5 लाख जमा करने के संबंध में 2000, 500 व 200 की नोटों की संख्या अंकित थी। इसके साथ में एक अन्य लिफाफा भी संलग्न था। जिसे छूने पर अंदर कुछ नोटों की गड्डी महसूस होने पर सिटी मजिस्ट्रेट ने खोलने से पहले उसका वीडियो बनवाया। लिफाफा खोलने पर उसमें 2000, 500 और 200 की चूरन वाली नोट निकली।
पत्र में अंकित नीलू तिवारी की 107ध्111 की नोटिस पत्रावली न्यायालय में निकाली गई। जिसमें सदर कोतवाली ने चंद्र तिवारी उर्फ मुनवा पुत्र लालू प्रसाद तिवारी, नीलू तिवारी पुत्र लालू प्रसाद तिवारी व गौरव पुत्र श्रीचंद्र निवासी अकरमपुर और अफरोस के बीच भूमि संख्या 271 में कब्जा को लेकर हुए विवाद व लड़ाई झगड़े से शांति भंग किए जाने के संबंध में आख्या 15 मार्च 2022 पेश की गई थी। जिसके आधार पर तीनों व्यक्तियों को एक साल तक की अवधि तक शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए 2.5 लाख रुपये का अलग-अलग व्यक्तिगत बंधकनामा और इतनी ही धनराशि की दो अलग-अलग प्रतिभूतियां पेश करने के लिए क्यों न बाध्य किया जाए की नोटिस जारी की गई थी। इस नोटिस प्रकरण के परिप्रेक्ष्य में नीलू तिवारी ने डाक से चूरन की नोट भेजकर कोर्ट का मजाक उड़ाया है। इस मामले में कोतवाली प्रभारी राजेश पाठक ने बताया की सिटी मजिस्ट्रेट के पेशकार से मिली तहरीर के मामले में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस मामले की जांच पड़ताल कर रही है।